सपनों की उड़ान जरूरी है कुछ बनने के लिए। सपनों की उड़ान जरूरी है कुछ बनने के लिए।
पेड़ों की शाखों में उलझा, सिमटता कभी उभरता वो चाँद तुम्हारा है ! पेड़ों की शाखों में उलझा, सिमटता कभी उभरता वो चाँद तुम्हारा है !
"शायरी" "शायरी"
दूर करके सिंदूर बिंदिया को वो, अश्कों से मुझे ही सजाती रही। दूर करके सिंदूर बिंदिया को वो, अश्कों से मुझे ही सजाती रही।
एक लक्ष्य, बना लेते हैं और ज़िद को जीत में बदल देते हैं ! एक लक्ष्य, बना लेते हैं और ज़िद को जीत में बदल देते हैं !
ऐ मुन्ने तू मुझे बता, तेरे क्या क्या सपने हैं कौन से हैं औरों ने चुने, और कौन से तेरे ऐ मुन्ने तू मुझे बता, तेरे क्या क्या सपने हैं कौन से हैं औरों ने चुने, और कौन...